क्या अमेरिका का अगला राज्य कनाडा होगा? अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कनाडा को लेकर ऐसा बयान दिया, जिसने दुनिया का ध्यान खींचा। उन्होंने कनाडा को “अमेरिका का 51वां राज्य” बनाने के लिए “आर्थिक बल” का उपयोग करने की धमकी दी।
डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका कनाडा को हर साल सैकड़ों अरब डॉलर की मदद देता है, लेकिन बदले में उसे कुछ खास नहीं मिलता। उन्होंने कहा कि अमेरिका कनाडा की रक्षा करता है, लेकिन व्यापार घाटा झेलता है।
ट्रंप ने किए तीन अहम दावे
- कनाडा हमारी कारों और कृषि उत्पादों को नहीं खरीदता।
- अमेरिका कनाडा की रक्षा पर बड़ा खर्च करता है।
- व्यापार घाटे के कारण अमेरिका को आर्थिक नुकसान हो रहा है।
“आर्थिक बल” का प्रयोग
ट्रंप ने कनाडा पर दबाव बनाने के लिए आर्थिक शक्ति का उपयोग करने की बात कही। उन्होंने कहा कि अगर कनाडा अमेरिका की मांगों को नहीं मानता, तो उनके उत्पादों पर “भारी टैरिफ” लगाया जाएगा।
मैक्सिको पर भी निशाना
कनाडा के साथ-साथ ट्रंप ने मैक्सिको को भी आड़े हाथों लिया। उन्होंने मैक्सिको पर व्यापार में अमेरिका का शोषण करने और ड्रग कार्टेल की समस्याओं को बढ़ावा देने का आरोप लगाया।
ट्रंप ने कहा कि मैक्सिको कार्टेल द्वारा संचालित है और हम इसे और ज्यादा बर्दाश्त नहीं करेंगे। हम मैक्सिको के साथ व्यापार घाटा झेल रहे हैं, जबकि हम उनकी मदद करते हैं।
क्या ग्रीनलैंड या पनामा नहर पर भी है नज़र?
जब ट्रंप से पूछा गया कि क्या वह ग्रीनलैंड या पनामा नहर पर कब्जा करने की योजना बना रहे हैं, तो उन्होंने स्पष्ट जवाब नहीं दिया। उनका कहना था कि ये क्षेत्र अमेरिका की “आर्थिक सुरक्षा” के लिए जरूरी हैं।
क्या कनाडा वास्तव में 51वां राज्य बनेगा?
ट्रंप की इन धमकियों ने न केवल कनाडा बल्कि दुनिया भर में चर्चा छेड़ दी है। हालांकि, यह कदम कानूनी और राजनीतिक रूप से बेहद जटिल है और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारी विरोध का सामना कर सकता है।
भविष्य में क्या हो सकता है?
ट्रंप ने अपने दूसरे कार्यकाल में कनाडा और मैक्सिको के खिलाफ कड़ा रुख अपनाने की बात कही है। उन्होंने यह भी कहा कि अगर इन देशों ने प्रवासियों और अवैध ड्रग्स के प्रवाह को रोकने के लिए कदम नहीं उठाए, तो वे नए आर्थिक प्रतिबंध लगाएंगे।
